काम ऐसा करो कि दुनिया देखती रह जावे”… राज्यसभा में गूंजी हरियाणा की आवाज
सांसद संजय भाटिया ने उठाई हाइड्रोजन रेल नेटवर्क विस्तार की मांग, जींद–पानीपत और जींद–हिसार रेल मार्ग पर भी चले हाइड्रोजन ट्रेन
नई दिल्ली, 5 अगस्त– “काम ऐसा करो कि दुनिया देखती रह जावे” और “यो हरियाणा सै प्रधान” की हरियाणवी सोच को देश की सर्वोच्च पंचायत राज्यसभा में बुलंद करते हुए राज्यसभा सांसद संजय भाटिया ने हरियाणा में हाइड्रोजन रेल नेटवर्क के विस्तार की जोरदार पैरवी की। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जींद–सोनीपत रेलखंड पर देश की पहली हाइड्रोजन रेल सेवा का शुभारंभ केवल हरियाणा ही नहीं, बल्कि पूरे भारत के लिए गौरव का विषय है। अब इस ऐतिहासिक पहल का विस्तार करते हुए जींद–पानीपत (वाया रोहतक) तथा जींद–हिसार (वाया जाखल) रेल मार्गों पर भी शीघ्र हाइड्रोजन ट्रेन चलाई जानी चाहिए।
राज्यसभा में शून्यकाल के दौरान अपने संबोधन में संजय भाटिया ने कहा कि भारत की पहली हाइड्रोजन रेल सेवा का शुभारंभ हरियाणा की धरती से होना इस बात का प्रमाण है कि देश स्वच्छ ऊर्जा, आधुनिक तकनीक और आत्मनिर्भर भारत की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि उन्हें इस ऐतिहासिक पल का प्रत्यक्ष साक्षी बनने का सौभाग्य प्राप्त हुआ, जब हाइड्रोजन ट्रेन ने जींद से अपनी यात्रा प्रारंभ की।

काम ऐसा करो कि दुनिया देखती रह जावे
संजय भाटिया ने अपने संबोधन में हरियाणवी अंदाज़ में कहा, “काम ऐसा करो कि दुनिया देखती रह जावे।” उन्होंने कहा कि भारत ने आज वही कर दिखाया है। जिस हाइड्रोजन फ्यूल सेल तकनीक तक कभी दुनिया के कुछ चुनिंदा देशों की ही पहुंच थी, आज वही तकनीक भारत की पटरियों पर दौड़ रही है। यह उपलब्धि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत और हरित ऊर्जा के विजन को साकार करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
क्या है हाइड्रोजन ट्रेन की खासियत?
हाइड्रोजन ट्रेन पारंपरिक डीजल इंजन के बजाय हाइड्रोजन फ्यूल सेल से संचालित होती है। फ्यूल सेल में हाइड्रोजन और ऑक्सीजन की रासायनिक प्रक्रिया से बिजली उत्पन्न होती है, जिससे ट्रेन चलती है। इस पूरी प्रक्रिया में कार्बन डाइऑक्साइड या धुएं का उत्सर्जन नहीं होता, बल्कि केवल जलवाष्प (Water Vapour) निकलती है। यही कारण है कि इसे भविष्य की ग्रीन रेलवे तकनीक माना जा रहा है। यह तकनीक प्रदूषण कम करने, डीजल पर निर्भरता घटाने और भारत के नेट-ज़ीरो उत्सर्जन लक्ष्य को हासिल करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
इन दो रेल मार्गों पर भी दौड़े हाइड्रोजन ट्रेन
राज्य सभा सांसद संजय भाटिया ने रेल मंत्री से आग्रह किया कि जींद–पानीपत (वाया रोहतक) तथा जींद–हिसार (वाया जाखल) रेल मार्गों पर भी हाइड्रोजन आधारित रेल सेवा शीघ्र प्रारंभ की जाए। उन्होंने कहा कि ये दोनों रेल मार्ग हरियाणा के कृषि, उद्योग, शिक्षा और व्यापार के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। इन मार्गों पर हाइड्रोजन ट्रेन चलने से किसानों को अपनी उपज तेजी से मंडियों तक पहुंचाने, विद्यार्थियों एवं नौकरीपेशा लोगों को आधुनिक परिवहन उपलब्ध कराने तथा उद्योगों को नई गति देने में मदद मिलेगी। साथ ही जींद, रोहतक, पानीपत, जाखल और हिसार जैसे शहर हरित परिवहन नेटवर्क से जुड़ जाएंगे।
यो हरियाणा सै प्रधान…
अपने संबोधन में राज्य सभा सांसद संजय भाटिया ने हरियाणा की मेहनतकश संस्कृति का उल्लेख करते हुए कहा कि देश आगे बढ़ेगा तो हरियाणा भी सबसे आगे खड़ा मिलेगा।” उन्होंने हरियाणा के गली-कूचों की भावना “यो हरियाणा सै प्रधान… ” को भी सदन में रखा| उन्होंने केंद्र सरकार से आग्रह किया कि हरियाणा को देश का अग्रणी हाइड्रोजन रेल नेटवर्क राज्य बनाने के लिए इन दोनों रेल मार्गों को भी शीघ्र स्वीकृति प्रदान की जाए। साथ ही उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का पुनः आभार व्यक्त किया।
















