तावडू, 23 जून (नरेश मैहंदीरत्ता): क्षेत्र के पांच आंगनवाड़ी केंद्रों को मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में प्रशासन ने कदम तेज कर दिए हैं। इसी क्रम में मंगलवार को एसडीएम जितेंद्र गर्ग ने प्रस्तावित आंगनवाड़ी केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
जानकारी अनुसार तावडू शहर सहित क्षेत्र में कुल 183 आंगनवाडी केंद्र है। जिनमे से जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी की ओर से क्षेत्र के गांव जौरासी, मौहम्मदपुर, पाड़ा, पचगांव और सुनारी स्थित आंगनवाड़ी केंद्रों को मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र के रूप में विकसित किए जाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। इसी संबंध में एसडीएम ने इन पांचों केंद्रों का दौरा कर वहां उपलब्ध सुविधाओं एवं आवश्यकताओं का विस्तृत निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान केंद्रों में बिजली, पेयजल, भवन की स्थिति, सुरक्षा व्यवस्था, बच्चों के लिए खेल सामग्री एवं खेल क्षेत्र की उपलब्धता सहित अन्य मूलभूत सुविधाओं का आकलन किया गया। साथ ही यह भी देखा गया कि संबंधित केंद्रों के भवन स्वयं के हैं या किराये के भवनों में संचालित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि निरीक्षण के दौरान मिली कमियों एवं आवश्यक सुधार कार्यों की विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर जिला परिषद के सीईओ को भेजी जाएगी। रिपोर्ट के आधार पर मॉडल आंगनवाड़ी केंद्रों के विकास की रूपरेखा तैयार की जाएगीए ताकि बच्चों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा आंगनवाड़ी केंद्रों को आधुनिक सुविधाओं से युक्त बनाकर बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए बेहतर वातावरण उपलब्ध कराना है। मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र बनने से क्षेत्र के बच्चों और महिलाओं को गुणवत्तापूर्ण सेवाओं का लाभ मिलेगा।

















