Breaking News
मुंबई में CNG फिर महंगी, 84 से बढ़कर 86 रुपये प्रति किलोग्राम! गुरुग्राम सहित पूरे हरियाणा में आयोजित होगी विशेष लोक अदालत , चेक बाउंस मामलों के निपटान हेतु प्रदेश की इलेक्ट्रिक बसों में विद्यार्थियों को उपलब्ध होगी बस-पास सेवा– मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी , पानीपत से हरियाणा में ग्रीन ट्रांसपोर्ट क्रांति की शुरुआत कचरा निस्तारण कार्य में तेजी लाने, एजेंसियों की संख्या बढ़ाने और ड्रोन सर्वे के दिए निर्देश , केंद्रीय मंत्री ने पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक में दिए सफाई व्यवस्था व कचरा प्रबंधन को बेहतर करने के निर्देश “डोनाल्ड ट्रंप” नाम का एल्बिनो भैंसा बना चर्चा का केंद्र, कुर्बानी से बचाकर चिड़ियाघर भेजा गया मुख्यमंत्री ने हरियाणा विजन-2047 के अंतर्गत श्रम विभाग के अगले 5 वर्षों के रोडमैप व कार्ययोजना की समीक्षा बैठक में दिए निर्देश

May 31, 2026 4:49 pm

भारत और चीन – दो एशियाई दिग्गज। एक ओर 146 करोड़ की आबादी वाला भारत, दूसरी ओर 141 करोड़ से ज्यादा लोगों वाला चीन। दोनों अगर साथ आएं तो पूरी दुनिया की राजनीति और अर्थव्यवस्था का समीकरण बदल सकता है।

भारत और चीन – दो एशियाई दिग्गज। एक ओर 146 करोड़ की आबादी वाला भारत, दूसरी ओर 141 करोड़ से ज्यादा लोगों वाला चीन। दोनों अगर साथ आएं तो पूरी दुनिया की राजनीति और अर्थव्यवस्था का समीकरण बदल सकता है। लेकिन सवाल यह है कि क्या चीन के साथ हाथ मिलाना भारत के लिए वरदान साबित होगा या फिर नुकसान का सौदा ?

सवाल है की चाइना पर भरोसा करना मुश्किल है

जब जब भारत ने किसी पर भी भरोसा किया है तब तब धोखा ही मिला है

दिल्ली 4 सितंबर। भारत और चीन – दो एशियाई दिग्गज। एक ओर 146 करोड़ की आबादी वाला भारत, दूसरी ओर 141 करोड़ से ज्यादा लोगों वाला चीन। दोनों अगर साथ आएं तो पूरी दुनिया की राजनीति और अर्थव्यवस्था का समीकरण बदल सकता है। लेकिन सवाल यह है कि क्या चीन के साथ हाथ मिलाना भारत के लिए वरदान साबित होगा या फिर नुकसान का सौदा ? क्योंकी हर किसी के ज़हन में एक ही सवाल है की चाइना पर भरोसा करना मुश्किल है कैसे चलिए इस पर भी बात करते हैं गलवान और डोकलाम की घटनाएं बताती हैं कि चीन पर पूरा भरोसा करना मुश्किल है। अगर चीनी कंपनियां भारत की टेक्नोलॉजी और इंफ्रास्ट्रक्चर में गहराई तक घुस गईं तो सुरक्षा संकट पैदा हो सकता है। क्या इस बात का आश्वासन भारत दिला सकता है लोगों को क्योंकि भारत की एक निति रही है जब जब भारत ने किसी पर भी भरोसा किया है तब तब धोखा ही मिला है…. जैसे अमेरिका भारत काअच्छा दोस्त था लेकिन किसी को नहीं पता था की वो पीठ पीछे छुरी लेकर बैठा है ?

सवाल है की क्या है फायदा और क्या है नुकशान ?

चलिए थोड़ा इसपर भी जिक्र करते हैं की भारत को चाइना कैसे नुकशान पंहुचाएगा होगा देखिये विशेषज्ञों का मानना है की गलवान और डोकलाम की घटनाएं बताती हैं कि चीन पर पूरा भरोसा करना मुश्किल है। अगर चीनी कंपनियां भारत की टेक्नोलॉजी और इंफ्रास्ट्रक्चर में गहराई तक घुस गईं तो सुरक्षा संकट पैदा हो सकता है। भारत का 70% इलेक्ट्रॉनिक और फार्मा कच्चा माल चीन पर निर्भर है। इसमें ज्यादा साझेदारी भारत को आत्मनिर्भर बनने से रोक सकती है। और पीएम मोदी का भारत को मेक इन इंडिया में तब्दील करने का सपना कभी हक़ीक़त नहीं होगा कई विशेषज्ञ मानते हैं कि चीन से रिश्तों में “सावधानी भरा सहयोग” ही सही रास्ता है। न ज्यादा दूरी, न ज्यादा नजदीकी – बल्कि ऐसा तालमेल, जिससे भारत अपने हित साध सके और चीन को भी यह संदेश मिले कि भारत की संप्रभुता पर समझौता संभव नहीं है। तो ये साफ है

Leave a Comment

और पढ़ें

एक वर्ष में बंधवाड़ी साइट साफ करने का लक्ष्य निरीक्षण के उपरांत केंद्रीय मंत्री ने पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में गुरुग्राम व फरीदाबाद के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने कहा कि स्वच्छता नगर निगमों का प्राथमिक कार्य है और इसे सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ किया जाना चाहिए।

कचरा निस्तारण कार्य में तेजी लाने, एजेंसियों की संख्या बढ़ाने और ड्रोन सर्वे के दिए निर्देश , केंद्रीय मंत्री ने पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक में दिए सफाई व्यवस्था व कचरा प्रबंधन को बेहतर करने के निर्देश

Cricket Live Score

Corona Virus

Rashifal

और पढ़ें

एक वर्ष में बंधवाड़ी साइट साफ करने का लक्ष्य निरीक्षण के उपरांत केंद्रीय मंत्री ने पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में गुरुग्राम व फरीदाबाद के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने कहा कि स्वच्छता नगर निगमों का प्राथमिक कार्य है और इसे सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ किया जाना चाहिए।

कचरा निस्तारण कार्य में तेजी लाने, एजेंसियों की संख्या बढ़ाने और ड्रोन सर्वे के दिए निर्देश , केंद्रीय मंत्री ने पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक में दिए सफाई व्यवस्था व कचरा प्रबंधन को बेहतर करने के निर्देश

error: Content is protected !!