दिल्ली 1 अक्टूबर / तृणमूल कांग्रेस (TMC) को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। गुरुवार, 1 अक्टूबर को अदालत ने पार्टी के चार बैंक खातों को संचालित करने की अनुमति देने के मामले में दखल देने से इनकार कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि फिलहाल उसे कलकत्ता हाई कोर्ट के आदेश में हस्तक्षेप करने की जरूरत नहीं लगती।सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने एक अहम सवाल भी उठाया। अदालत ने कहा कि बड़ा सवाल यह है कि इन बैंक खातों को चलाने का अधिकार आखिर किसके पास है। कोर्ट की यह टिप्पणी पार्टी के नाम और चुनाव चिन्ह को लेकर चुनाव आयोग में लंबित मामले के संदर्भ में आई।

दरअसल, तृणमूल कांग्रेस के बैंक खातों से एक एविएशन कंपनी को पैसे ट्रांसफर किए जाने के मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मनी लॉन्ड्रिंग का केस दर्ज किया है। इसी कार्रवाई के तहत पार्टी के बैंक खातों को फ्रीज कर दिया गया था।हालांकि, कलकत्ता हाई कोर्ट ने पार्टी के रोजमर्रा के कामकाज को ध्यान में रखते हुए एक बैंक खाते से सीमित रकम निकालने की अनुमति दी थी। टीएमसी इसी मामले में राहत के लिए सुप्रीम कोर्ट पहुंची थी।
सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल हाई कोर्ट के आदेश में दखल देने से इनकार कर दिया है। अदालत की टिप्पणी के बाद पार्टी के बैंक खातों के संचालन और उन पर अधिकार को लेकर कानूनी स्थिति पर चर्चा तेज हो गई है।








